
नोएडा में डिजिटल अरेस्ट की घटना।
भारत के अनेक राज्यों में साइबर ठगी और डिजिटल अरेस्ट के मामले लगातार बढ़ते चले जा रहे हैं। ठग लोगों की मेहनत की कमाई पर आसानी से कब्जा कर रहे हैं। डिजिटल अरेस्ट का ताजा मामला उत्तर प्रदेश के गौतमबुद्ध नगर (नोएडा) से आया है। यहां ठगों ने एक बुजुर्ग दंपति से कुल 3.14 करोड़ रुपये ठग लिए हैं। ठगी के दौरान बुजुर्ग दंपति को करीब 15 दिनों तक डिजिटल अरेस्ट कर के रखा गया था।
पुलिस ने क्या बताया?
पुलिस ने गुरुवार को इस पूरी घटना को लेकर जानकारी दी है। पुलिस के मुताबिक, ये घटना नोएडा सेक्टर-75 की है और पीड़ित का नाम बिरज कुमार सरकार है जो कि निजी बैंक से रिटायर अधिकारी हैं। बुजुर्ग ने गुरुवार को साइबर थाने में ठगी को लेकर शिकायत दर्ज कराई है और पुलिस को पूरे घटना की जानकारी दी है।
ठग ने खुद को TRAI का अधिकारी बताया
पुलिस के मुताबिक, ठग ने खुद को मुंबई के कोलाबा थाने का अधिकारी बताया और बुजुर्ग दंपति को गिरफ्तार करने की धमकी दी थी। ठग ने उन्हें गिरफ्तारी से बचने के लिए बताए गए खातों में पैसे डालने को कहा। बुजुर्ग ने पुलिस को दी गई शिकायत में कहा है कि बीते 25 फरवरी को उनके पास एक शख्स का फोन आया जिसने खुद को TRAI का अधिकारी बताया। शख्स ने बुजुर्ग से पुराने नंबर की जानकारी मांगी। नंबर मिलने के बाद फोन करने वाले ने कहा कि संबंधित नंबर के तार नरेश गोयल मनी लान्ड्रिंग से जुड़े है। शख्स ने ये भी कहा कि बुजुर्ग के खिलाफ कोलाबा पुलिस थाने में केस दर्ज किया गया है।
डरा धमका कर पैसे ट्रांसफर करवाए
पुलिस के मुताबिक, ठगों ने बुजुर्ग की बात थाने के कथित अधिकारी से कराई। कथित अधिकारी ने बुजुर्ग से थाने में पेश होने को कहा। मना करने पर उसने प्रक्रिया को ऑनलाइन आगे बढ़ाने की बात कही। ठगों ने बुजुर्ग दंपति से IPS अधिकारी और CBI अधिकारी बनकर बात की। दंपति को डरा धमका कर पैसे अलग-अलग खातों में ट्रांसफर करवाए गए। (इनपुट: भाषा)







