
भारत से ‘इंडिया’ हटा, तो इस नाम पर पाकिस्तान पेश कर सकता है दावा! जानिए क्या है वजह?
India Vs Bharat: भारत में इस समय ‘इंडिया’ नाम को लेकर नई चर्चाएं चल रही हैं। देश में होने वाले जी 20 शिखर सम्मेलन के डिनर इन्विटेशन कार्ड पर इंडिया नाम की जगह भारत लिखे जाने पर खूब चर्चाएं हो रही हैं। इसके बाद राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को ‘प्रेसिडेंट ऑफ इंडिया’ के बजाय ‘प्रेसिडेंट ऑफ भारत’ कहकर पुकारा गया। यही नहीं, पीएम मोदी के इंडोनेशिया पहुंचने से पहले बीजेपी के प्रवक्ता संबित पात्रा ने उनकी इंडोनेशिया यात्रा की जानकारी देने वाला नोट सोशल मीडिया में शेयर किया है। इस नोट में ‘द प्राइम मिनिस्टर ऑफ भारत’ लिखा गया है। ऐसे में यह अटकलें काफी तेज हो गई हैं कि शायद केंद्र की मोदी सरकार ‘इंडिया’ का नाम बदलकर ‘भारत’ रखना चाहती है। यदि ऐसा होता है तो पाकिस्तान ‘इंडिया’ के नाम पर अपना दावा पेश कर सकता है। एक रिपोर्ट में इस बात का खुलासा हुआ है।
पाकिस्तान की स्थानीय मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक अगर ‘इंडिया’ नाम की मान्यता आधिकारिक तौर पर संयुक्त राष्ट्र में रद्द कर दी जाती है, तो ऐसी स्थिति में पाकिस्तान ‘इंडिया’ के नाम पर अपना दावा पेश कर सकता है। दरअसल, पाकिस्तान लंबे समय से इस बात की दलील देता आया है कि ‘इंडिया’ शब्द सिंधु क्षेत्र को दर्शाता है। ऐसे में संभवत: पाकिस्तान की नजरें इंडिया के नाम पर हो सकती हैं।
इस रिपोर्ट में हुआ ये खुलासा
South Asia Index report की रिपोर्ट के अनुसार उन्होंने अपने एक्स (पूर्व में ट्विटर) हैंडल से किए गए एक ट्वीट में कहा है कि यदि भारत युनाइटेड नेशन के स्तर पर आधिकारिक तौर पर इसकी मान्यता रद्द कर देता है, तो पाकिस्तान ‘इंडिया’ नाम पर दावा पेश कर सकता है।
जिन्ना को थी भारत के ‘इंडिया’ नाम पर आपत्ति, जानें क्या थी वजह?
रिपोर्ट के मुताबिक पाकिस्तान के तत्कालीन प्रधानमंत्री कायदे आजम मोहम्मद अली जिन्ना ने इंडिया नाम का विरोध किया था। उन्होंने ब्रिटिश भारत की ओर से नए स्वतंत्र देश के नाम के रूप में इंडिया नाम के अपनाने पर आपत्ति जताई थी। उन्होंने इसके जगह पर ‘हिंदुस्तान’ या ‘भारत’ का सुझाव दिया था। एक बार वर्ष 1947 में भारत की आजादी के एक महीने बाद मोहम्मद अली जिन्ना ने एक कला प्रदर्शनी का अध्यक्ष बनने के लिए लुईस माउंटबेटन के तरफ से भेजे गए निमंत्रण को स्वीकार करने से इनकार कर दिया था। लुईस माउंटबेटन की ओर से भेजे गए इन्विटेशन कार्ड पर हिंदुस्तान की बजाया इंडिया नाम लिखा गया था। इस पर जिन्ना ने माउंटबेटन को खत लिखा था। जिसमें लिखा था कि ‘ये दुख की बात है कि कुछ अज्ञात कारणों की वजह से भारत ने अपना नाम ‘इंडिया’ रख लिया है।







